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बुलंदशहर हिंसा का मुख्य आरोपी जिला संयोजक बजरंग दल योगेश राज गिरफ्तार


उत्तरप्रदेश के बुलंदशहर में गोकशी की खबर से पूरे इलाके में हिंसा फैला रहे लोगों को इतना तक भी मालूम नहीं रहा है कि वो आखिर अपने देश के सिपाही को ही मार रहे है। सिर पर हिंदू होने का जुनून और हाथ में सत्ता की पावर तो कौन इन उपद्रवियों का कुछ बिगाड़ पाता, आखिर इसमें यूपी पुलिस के इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह को अपनी जान गंवानी पड़ी। प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो SHO सुबोध कुमार को पहले लटकाकर मारा गया तो फिर उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई, बताया गया कि इस पुलिस इंस्पेक्टर पर बवाल के दौरान भीड़ ने घेरकर हमला बोल दिया।

सोमवार को हुई इस हिंसा के बाद सारे बड़े पुलिस अधिकारियों के मुहं पर ताले है , आखिर वो बोले भी तो किसके आगे जिनके दल को सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का साथ है? जी हां हम ये इसलिए कह रहे है क्योंकि इस हिंसा को भड़काने और SHO सुबोध कुमार सिंह की हत्या के मामले में मुख्य आरोपी बनाया गया योगेश राज बुलंदशहर बजरंग दल का जिला संयोजक है। खैर पुलिस ने इस आरोपी को गिरफ्तार को कर लिया है मगर इन जैसो के हाथों में इतनी पावर कौन देता है जो ये इस कदर हिंसा कर लोगों की जान लेते है।

इस हमले में ग्रामीण सुमित के मारे जाने की खबर है तो वहीं एक अज्ञात शख्स के इलाज के दौरान मौत की भी खबर है। इस हिंसा में CO समेत 5 पुलिसवाले घायल बताए गए। तो वहीं पुलिस ने इस मामले में दो FIR भी दर्ज की जिसमें 27 लोगों के खिलाफ नामजद और 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। मेरठ जोन के एडीजी प्रशांत कुमार ने कहा है कि इस मामले की भी जांच होगी कि पुलिसकर्मियों ने इंस्पेक्टर सुबोध को अकेला क्यों छोड़ा।




पुलिस ने 27 नामजद और 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ आईपीसी की धारा 147, 148, 149, 307, 302, 333, 353, 427, 436, 394 और 7-क्रिमिनल अमेंडमेंट लॉ के तहत मामला दर्ज किया है।

पिता की मौत पर बेटे का ये सवाल

बुलंदशहर में हुई हिंसा में जान गंवाने वाले इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह के बेटे अभिषेक ने जो कुछ भी बोला वो बहुत बड़ी बात है, अभिषेक कहते है- ‘अपने पिता इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की मौत पर उनके बेटे अभिषेक ने कहा, ‘मेरे पिता मुझे एक ऐसा अच्छा नागरिक बनाना चाहते थे, जो समाज में धर्म के नाम पर हिंसा को बढ़ावा ना देता हो। आज इस हिंदू मुस्लिम फसाद में मेरे पिता की जान गई है, कल किसके पिता की जाऩ जाएगी?’

आपको बता दें कि सोमवार को 400 लोगों की भीड़ ने कुछ पुलिसवालों पर हमला बोल दिया था। जिसमें 18 वाहन और पुलिस चौकी को फूंकने का भी आरोप है। बता दें कि गोकशी की खबर पर हिंदू संगठनों के लोग कुछ यूं सड़कों पर उतरे की गाड़ियों में तोड़फोड़ और पुलिस पर हमला शुरू कर दिया। भीड़ के हमले में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की जान चली गई। जहां अब इस मामले में एसआईटी जांच के आदेश दे दिए गए हैं। वहीं, यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने मामले की एसआईटी जांच के आदेश देते हुए इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह के परिजनों के लिए 50 लाख रुपए की आर्थिक सहायता का ऐलान किया है।

वैसे आपको ये भी बता दे कि इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह है 2015 में हुए दादरी मॉब लिंचिंग में मारे गए अखलाक मामले में भी जांच अधिकारी थे।


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